शनिवार, 13 जून 2020

आओ जैन धर्म को जाने

जैन धर्म
जैन धर्म के अनुसार यदि वस्त्र त्यागने से ही काम,,लोभ,अहंकार, जैसे विकार खत्म हो जाते है जनता इन पांचों विकारों युक्त हो ही नही सकती
कबीर परमात्मा कहते है कि:-
                                      गुरु बिन काहू ह् पाया ज्ञाना
ज्यो तोथा भुस मुंड किसाना।।

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भक्ति मर्यादा

जीव हमारी जाति है, मानव धर्म हमारा ।हिन्दु मुसलिम सिक्ख ईसाई, धर्म नहीं कोई न्यारा ।।“